मन का दमन नहीं, स्नेहपूर्वक साक्षात्कार || आचार्य प्रशांत (2016)
आचार्य प्रशांत
भगवान में विश्वास क्यों? || आचार्य प्रशांत (2017)
संत कौन? || आचार्य प्रशांत (2016)
परेशानी क्यों पकड़ता है मन? || आचार्य प्रशांत (2017)
जहाँ पूर्णता नहीं है वहीं परेशानी है || आचार्य प्रशांत (2016)
अपनी वृत्तियों से बाहर कैसे निकलें? || आचार्य प्रशांत (2015)
सब बाहरी है, तो मेरा अपना क्या? || आचार्य प्रशांत, युवाओं के संग (2013)
द्वैत की चक्की || आचार्य प्रशान्त, युवाओं के संग (2014)
तुम्हारा असली घर कहाँ? || आचार्य प्रशांत, संत कबीरदास पर (2017)
तुम मन होते तो विचार के साथ तुम भी चले जाते || आचार्य प्रशांत, युवाओं के संग (2012)
'ना' कहने में संकोच और डर क्यों? || आचार्य प्रशांत, युवाओं के संग (2014)
मन से तेज़, इन्द्रियों के पार || आचार्य प्रशांत, युवाओं के संग (2014)
अंग्रेज़ी की गुलामी छोड़ो || आचार्य प्रशांत, युवाओं के संग (2012)
जब मन सोच-सोचकर परेशान हो || आचार्य प्रशांत (2017)
आदमी की खोपड़ी कभी नहीं भरती || आचार्य प्रशांत, युवाओं के संग (2012)
न इच्छाएँ तुम्हारी, न उनसे मिलने वाली संतुष्टि तुम्हारी || आचार्य प्रशांत, युवाओ के संग (2012)
समझ गये तो मज़ा है, नासमझी एक सज़ा है || आचार्य प्रशांत, युवाओं के संग (2012)
दो तरह की गुलामी || आचार्य प्रशांत, युवाओं के संग (2014)
हम सरल को कठिन बनाए बैठे हैं || आचार्य प्रशान्त (2016)
कर्तव्य बंधन जैसा क्यों लगता है? || आचार्य प्रशांत, युवाओं के संग (2014)
जीवन में सही निर्णय कैसे लें? || आचार्य प्रशांत (2017)
मन को कुसंगति से दूर रखने का क्या तरीक़ा है? || आचार्य प्रशांत (2017)
कहानी भूत, भविष्य और वर्तमान की || आचार्य प्रशांत, युवाओ के संग (2012)
जीवन का लक्ष्य है पूर्णता की पूर्ण अभिव्यक्ति || आचार्य प्रशान्त, युवाओं के संग (2014)
मन की स्थिरता को गुरु कहते हैं || आचार्य प्रशांत (2016)
उसके साथ खिलवाड़ मत करना || आचार्य प्रशांत, कृष्णमूर्ति पर (2017)
दूसरों की मदद बाद में करना || आचार्य प्रशांत, युवाओं के संग (2014)
अध्यात्म अगर सहज नहीं तो झूठा है || आचार्य प्रशांत (2017)
धर्म पर चलने का क्या अर्थ है? || आचार्य प्रशांत, संत कबीर पर (2017)
बच्चों के प्रति व्यवहार कैसा होना चाहिए? || आचार्य प्रशांत (2016)